रिलायंस इंटेलिजेंस: भारत की AI क्रांति का नया अध्याय | गूगल और मेटा के साथ साझेदारी

रिलायंस इंटेलिजेंस: भारत की AI क्रांति की नई शुरुआत!

रिलायंस इंडस्ट्रीज ने 29 अगस्त 2025 को अपने 48वें वार्षिक आम बैठक (AGM) में एक नई सहायक कंपनी, रिलायंस इंटेलिजेंस, की शुरुआत की। यह कदम भारत को वैश्विक कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) केंद्र बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। रिलायंस इंटेलिजेंस का उद्देश्य AI-संचालित बुनियादी ढांचे का निर्माण करना, वैश्विक साझेदारी को बढ़ावा देना, और भारत के लिए सस्ती और विश्वसनीय AI सेवाएं प्रदान करना है। आइए, इस पहल के प्रमुख बिंदुओं को विस्तार से समझते हैं:

चरणविवरण
1. अगली पीढ़ी का AI बुनियादी ढांचारिलायंस इंटेलिजेंस गीगावाट-स्तरीय, AI-तैयार डेटा सेंटर बनाएगी, जो हरित ऊर्जा से संचालित होंगे। इनका निर्माण पहले से ही गुजरात के जामनगर में शुरू हो चुका है। ये डेटा सेंटर राष्ट्रीय स्तर पर AI प्रशिक्षण और अनुमान के लिए डिज़ाइन किए गए हैं, जो भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था को मजबूत करेंगे।
2. वैश्विक साझेदारीरिलायंस ने गूगल और मेटा जैसे वैश्विक तकनीकी दिग्गजों के साथ साझेदारी की है। मेटा के साथ एक संयुक्त उद्यम में, Llama मॉडल्स का उपयोग करके भारतीय व्यवसायों के लिए ओपन-सोर्स AI समाधान विकसित किए जाएंगे। गूगल क्लाउड की AI तकनीकों का उपयोग रिलायंस के ऊर्जा, रिटेल, टेलीकॉम, और वित्तीय सेवाओं को बदलने के लिए किया जाएगा।
3. भारत के लिए AI सेवाएंरिलायंस इंटेलिजेंस उपभोक्ताओं, छोटे व्यवसायों, और उद्यमों के लिए विश्वसनीय और किफायती AI सेवाएं प्रदान करेगी। शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, और कृषि जैसे राष्ट्रीय महत्व के क्षेत्रों में AI समाधान विकसित किए जाएंगे, जो हर भारतीय के लिए सुलभ होंगे।
4. AI प्रतिभा को बढ़ावायह कंपनी विश्व-स्तरीय शोधकर्ताओं, इंजीनियरों, डिज़ाइनरों, और उत्पाद निर्माताओं के लिए एक केंद्र होगी। इसका लक्ष्य नवाचार को प्रोत्साहन देना और भारत के लिए उपयोगी AI समाधान विकसित करना है, जो वैश्विक स्तर पर भी प्रभाव डालें।
5. मानव-केंद्रित रोबोटिक्स और ऑटोमेशनरिलायंस इंटेलिजेंस मानव-केंद्रित रोबोटिक्स और बुद्धिमान ऑटोमेशन पर ध्यान देगी। यह कारखानों को अनुकूली उत्पादन प्रणालियों, गोदामों को स्वायत्त आपूर्ति श्रृंखलाओं, और अस्पतालों को सटीक देखभाल केंद्रों में बदल देगा।
6. भारत को AI-नेटिव डिजिटल अर्थव्यवस्था बनानारिलायंस का लक्ष्य भारत को दुनिया की पहली AI-नेटिव डिजिटल अर्थव्यवस्था बनाना है। JioPC, JioFrames, और Riya जैसे AI-संचालित उत्पाद इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। ये उत्पाद उपभोक्ताओं के दैनिक जीवन को और अधिक सुविधाजनक और बुद्धिमान बनाएंगे।

मुकेश अंबानी ने कहा, “जैसे Jio ने हर भारतीय के लिए डिजिटल कनेक्टिविटी को सुलभ बनाया, वैसे ही रिलायंस इंटेलिजेंस हर भारतीय के लिए AI को सुलभ बनाएगी।” यह पहल भारत को वैश्विक AI नवाचार में अग्रणी बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है।

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