SIP क्या है और यह कैसे काम करता है?
SIP (Systematic Investment Plan) म्यूचुअल फंड में निवेश का एक अनुशासित तरीका है, जहाँ आप हर महीने एक निश्चित राशि निवेश करते हैं। यह रुपया कॉस्ट एवरेजिंग के सिद्धांत पर काम करता है, जिससे बाजार के उतार-चढ़ाव का फायदा मिलता है। हर महीने निवेश करने से आप कम NAV पर अधिक यूनिट्स और high NAV पर कम यूनिट्स खरीदते हैं, जिससे औसत लागत कम होती है।
₹10,000 monthly SIP का जादू
सबसे अच्छे SIP फंड्स ₹10,000 के लिए
नीचे दिए गए फंड्स ने पिछले कुछ सालों में शानदार रिटर्स दिए हैं :
Bandhan Small Cap Fund
- AUM: ₹5,166 Cr
- 3 साल का रिटर्न: 27.46%
- एक्सपेंस रेशियो: 1.81%
HDFC Flexicap Fund
- AUM: ₹54,692 Cr
- 3 साल का रिटर्न: 26.7%
- एक्सपेंस रेशियो: 1.50%
ICICI Multiasset Fund
- AUM: ₹41,160 Cr
- 3 साल का रिटर्न: 23.5%
- एक्सपेंस रेशियो: 1.53%
Kotak Equity Opportunities
- AUM: ₹24,912 Cr
- 3 साल का रिटर्न: 20.8%
- एक्सपेंस रेशियो: 0.61%
SIP के फायदे
- कंपाउंडिंग का जादू: लंबे समय तक निवेश से पैसा तेजी से बढ़ता है।
- अनुशासित निवेश: हर महीने स्वचालित निवेश से फाइनेंशियल discipline आती है।
- कम जोखिम: रुपया कॉस्ट एवरेजिंग से market volatility का असर कम होता है ।
जोखिम और सावधानियाँ
- SIP पूरी तरह सुरक्षित नहीं है, क्योंकि यह market performance पर निर्भर करता है।
- Equity funds में short-term fluctuations हो सकते हैं, लेकिन long-term returns आमतौर पर positive रहते हैं ।
- Fund selection crucial है; underperforming funds से बचें ।
शुरुआत कैसे करें?
- KYC पूरा करें (PAN, Aadhaar, bank details)।
- अपने goal के हिसाब से fund चुनें (e.g., small cap for high returns, multi-asset for stability)।
- निवेश की तारीख सेट करें और automate करें ।
Disclaimer: म्यूचुअल फंड बाजार जोखिमों के अधीन हैं। पिछला performance भविष्य के रिटर्न की गारंटी नहीं है। निवेश से पहले scheme related document ध्यान से पढ़ें।